VBI पंचांग

शुभ मुहूर्त — 3 अक्टूबर 2026 नई दिल्ली

शनिवार, 3 अक्टूबर 2026 · आश्विन कृष्ण सप्तमी · विक्रम संवत 2083

शुभ समय

अभिजीत मुहूर्तसुबह 11:46 – दोपहर 12:34
ब्रह्म मुहूर्तसुबह 4:38 – 5:26
विजय मुहूर्तदोपहर 2:08 – 2:56
गोधूलि मुहूर्तशाम 6:05 – 6:30

अशुभ समय

राहु कालसुबह 9:12 – 10:41
यमगंडदोपहर 1:39 – 3:08
गुलिक कालसुबह 6:15 – 7:44

राहु काल पूरे हफ़्ते का →

शुभ चौघड़िया

  • शुभ सुबह 7:44 – 9:12
  • लाभ दोपहर 1:39 – 3:08
  • अमृत दोपहर 3:08 – शाम 4:36
  • लाभ शाम 6:05 – 7:36
  • शुभ रात 9:08 – 10:39
  • अमृत रात 10:39 – 12:10 (4 अक्टू.)
  • लाभ सुबह 4:44 – 6:15 (4 अक्टू.)

पूरा चौघड़िया (दिन और रात) →

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदयसुबह 6:15
सूर्यास्तशाम 6:05
चंद्रोदयरात 11:32
चंद्रास्तदोपहर 1:04

पंचांग संक्षेप में

तिथिकृष्ण सप्तमी — सुबह 8:00 तक
कृष्ण अष्टमी — सुबह 5:52 (4 अक्टू.) तक
कृष्ण नवमी — रात 3:54 (5 अक्टू.) तक
नक्षत्रआर्द्रा — रात 1:29 (4 अक्टू.) तक
पुनर्वसु — रात 12:14 (5 अक्टू.) तक
योगवरीयान — दोपहर 3:21 तक
परिघ — दोपहर 12:32 (4 अक्टू.) तक
चंद्र राशिमिथुन — शाम 6:32 (4 अक्टू.) तक

पूरा पंचांग →

शुभ मुहूर्त कैसे देखें

शुभ मुहूर्त वह समय है जिसे पंचांग के हिसाब से किसी काम की शुरुआत के लिए अच्छा माना जाता है। ये सारे समय सूर्योदय और सूर्यास्त से निकलते हैं, इसलिए हर शहर में अलग होते हैं — ऊपर अपना शहर चुन लें।

अभिजीत मुहूर्त दोपहर के आसपास का समय है: दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) को 15 बराबर मुहूर्तों में बाँटने पर आठवाँ मुहूर्त। बुधवार को इसे नहीं लिया जाता। ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले का समय है, जिसे पूजा, ध्यान और पढ़ाई के लिए अच्छा माना जाता है।

राहु काल, यमगंड और गुलिक काल में नया काम शुरू करने से बचा जाता है। दिन में इनके अलावा अमृत, शुभ और लाभ चौघड़िया अच्छे माने जाते हैं।