VBI पंचांग

शुभ मुहूर्त — 3 दिसंबर 2026 नई दिल्ली

गुरुवार, 3 दिसंबर 2026 · मार्गशीर्ष कृष्ण दशमी · विक्रम संवत 2083

शुभ समय

अभिजीत मुहूर्तसुबह 11:50 – दोपहर 12:32
ब्रह्म मुहूर्तसुबह 5:09 – 6:03
विजय मुहूर्तदोपहर 1:55 – 2:37
गोधूलि मुहूर्तशाम 5:24 – 5:51

अशुभ समय

राहु कालदोपहर 1:29 – 2:47
यमगंडसुबह 6:57 – 8:16
गुलिक कालसुबह 9:34 – 10:52

राहु काल पूरे हफ़्ते का →

शुभ चौघड़िया

  • शुभ सुबह 6:57 – 8:16
  • लाभ दोपहर 12:11 – 1:29
  • अमृत दोपहर 1:29 – 2:47
  • शुभ शाम 4:06 – 5:24
  • अमृत शाम 5:24 – 7:06
  • लाभ रात 12:11 – 1:53 (4 दिसं.)
  • शुभ रात 3:35 – सुबह 5:16 (4 दिसं.)
  • अमृत सुबह 5:16 – 6:58 (4 दिसं.)

पूरा चौघड़िया (दिन और रात) →

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदयसुबह 6:57
सूर्यास्तशाम 5:24
चंद्रोदयरात 2:38 (4 दिसं.)
चंद्रास्तदोपहर 1:34

पंचांग संक्षेप में

तिथिकृष्ण दशमी — रात 11:04 तक
कृष्ण एकादशी — रात 11:45 (4 दिसं.) तक
नक्षत्रउत्तरा फाल्गुनी — सुबह 9:23 तक
हस्त — सुबह 10:23 (4 दिसं.) तक
योगप्रीति — सुबह 9:15 तक
आयुष्मान — सुबह 8:23 (4 दिसं.) तक
चंद्र राशिकन्या — रात 11:02 (4 दिसं.) तक

पूरा पंचांग →

शुभ मुहूर्त कैसे देखें

शुभ मुहूर्त वह समय है जिसे पंचांग के हिसाब से किसी काम की शुरुआत के लिए अच्छा माना जाता है। ये सारे समय सूर्योदय और सूर्यास्त से निकलते हैं, इसलिए हर शहर में अलग होते हैं — ऊपर अपना शहर चुन लें।

अभिजीत मुहूर्त दोपहर के आसपास का समय है: दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) को 15 बराबर मुहूर्तों में बाँटने पर आठवाँ मुहूर्त। बुधवार को इसे नहीं लिया जाता। ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले का समय है, जिसे पूजा, ध्यान और पढ़ाई के लिए अच्छा माना जाता है।

राहु काल, यमगंड और गुलिक काल में नया काम शुरू करने से बचा जाता है। दिन में इनके अलावा अमृत, शुभ और लाभ चौघड़िया अच्छे माने जाते हैं।